“Guarantee or Warranty एक छोटी गलती से हो सकता है बड़ा नुकसान! जानिए कैसे (Consumer Protection Act 2019)”

आज के समय में जब हम कोई भी सामान या इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट खरीदते हैं तो अक्सर ‘गैरटी’ और वारंटी जैसे शब्द हमारे सामने आते हैं। बहुत सारे लोग इन्हें एक जैसा समझ लेते हैं लेकिन वास्तव में Guarantee or Warranty me kya antar hai ? यह जानना बहुत जरूरी है। इस आर्टिकल में हम इसे सरल और आसान भाषा में समझेगे ताकि आप किसी भी प्रोडक्ट को खरीदते समय सही निर्णय ले सकें।

Guarantee or Warranty

Guarantee vs Warranty मूलभूत जानकारी

Guarantee or Warranty दोनों ही उपभोक्ता की सुरक्षा के लिए बनाई गई है। ये निर्माता या विहंता की तरफ से ग्राहक को विश्वास दिलाने का तरीका है। लेकिन दोनों में कुछ महत्वपूर्ण अतर होते हैं।

Guarantee क्या है ? :

Guarantee यह निर्माता या विक्रेता की तरफ से एक “आश्वासन (Assurance)” है कि प्रोडक्ट एक निश्चित समय तक सही काम करेगा। यदि प्रोडक्ट में किसी कारण से खराबी आती है, तो निर्माता या विक्रेता इसे बदलने या ठीक करने का वादा करता है। गारंटी आमतौर पर ज्यादा व्यापक होती है और प्रोडक्ट की क्वालिटी पर भरोसा जताती है।

Warranty क्या है ? :

यह एक कानूनी या लिखित दस्तावेज के रूप में होती है। इसमें प्रोडक्ट की खराबी के लिए निश्चित शर्ते और सीमाएं होती है। वारंटी का समय और कवरिंग Condition स्पष्ट रूप से बताई जाती है। ती मरल भाषा में कहें तो Guarantee zyada general aur assurance type hota hai जबकि warranty ek legal aur specific document hoti hai.

विभिन्न अवसरो पर न्यायालयों ने गारटी और वारंटी से संबंधित आदेश पारित किये हैं।
District Commission के एक निर्ण में स्पष्ट किया है कि उत्पाद की गारंटी और वारंटी का पालन करना विक्रेता के लिए अनिवार्य है।
जिला आयोग के इस आदेश को पढ़ने के निचे 👇 Click करें I
डॉ. स्वपन दत्ता विरूद्ध जे.डी ऑटोनेशन (Tata Motors)
ऐसे फैसले उपभोक्ताओं के अधिकारो की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं और बाजार में पारदर्शिता बढ़ाते हैं।
इस प्रकार के आदेश उपभोक्ताओं को न्याय दिलाने और उनकी खरीदारी को सुरक्षित बनाने में मददगार साबित होते हैं।
Source – Counsumer Protection Act 2019

Guarantee or Warranty me Kya Antar Hai: प्रमुख बिंदु

नीचे हम आसान तालिका के माध्यम से मुख्य अंतर समझेंगे

विशेषताGuaranteeWarranty
परिभाषानिर्माता का वादा कि प्रोडक्ट सही काम करेगालिखित दस्तावेज जिसमें खराबी के लिए नियम और समय तय होता है
अवधिअक्सर सीमित या अनिश्चितनिश्चित समय सीमा के लिए
प्रकार सामान्य, व्यापक विशिष्ट , कानूनी
दावे का तरीका आमतौर पर बिना लिखितलिखित रूप में प्रमाणित
लागत अधिकत्तर मुफ्त कभी-कभी मरम्मत / स्पेयर पार्ट्स की लागत शामिल
कानूनी असर कम कानूनी प्रभाव अधिक, कानूनी असर, शिकायत के लिए आधार

Guarantee or Warranty ka Importance

1 ग्राहक का भरोसा बढ़ाता है

जब कोई उत्पाद गारंटी या वारंटी के साथ आता है. तो ग्राहक का भरोसा बढ़ता है। इससे खरीदने में आसानी होती है।

2. खराबी की स्थिति में सुरक्षा

यदि प्रोडक्ट में खराबी जाती है, तो ग्राहक इसे मुफ्त में रिपेयर या बदलवा सकता है।

3 गुणवत्ता का सकेत

गरंटी और वारंटी दोनों ही निर्माता की गुणवत्ता पर विश्वास जताते हैं।

4. कानूनी सुरक्षा (Warranty)

वारंटी में नियम लिखित होते हैं। यदि निर्माता नियमों का पालन नहीं करता तो ग्राहक कानूनी रूप से कार्रवाई कर सकता है।

उदाहरण

उदाहरण 1: इलेक्ट्रॉनिक उपकरण

यदि आप एक स्मार्टफोन खरीदते हैं, तो निर्माता 1 साल की वारंटी दे सकता है। इसका मतलब है कि 1 साल के अंदर कोई तकनीकी खराबी होने पर फोन रिपेयर या बदलवाया जा सकता है।

वहीं, फोन की बैटरी पर 6 महीने की गारंटी हो सकती है। इसका मतलब है कि निर्माता बेटरी की गुणवत्ता की गारंटी देता है।

उदाहरण 2: घरेलू उपकरण

वॉशिंग मशीन पर 2 साल की वारंटी होती है। यदि किसी पार्ट में खराबी आती है तो निर्माता इसे ठीक करेगा। वही मशीन अगर 5 साल की गारंटी के साथ आती है. तो यह मशीन की समग्र गुणवत्ता पर विश्वास जताती है।

ध्यान देने योग्य बातें

लिखित शर्तों को पढे

वारंटी में समय सीमा और नियम लिखित होते हैं, इसे ध्यान से पढ़ना चाहिए।

गारंटी कार्ड या वारंटी डॉक्यूमेंट रखे, यदि प्रोडक्ट खराब हो जाता है ती यह दस्तावेज जरूरी होगा।

केवल सामान्य खराबी में लाभ – वारंटी और गारंटी केवल प्रोडक्ट की सामान्य खराबी पर लागू होती है। गलत इस्तेमाल पर यह लागू नहीं होती।

समय की सीमा – Guarantee आमतौर पर Warranty से कम समय की हो सकती है।

सामान्य मिथक

मिथक 1: गारंटी और वारंटी हमेशा समान होती है।

सच्चाई: दोनों अलग-अलग चीजें हैं। गारंटी व्यापक भरोसा है वारंटी लिखित नियम।

मिथक 2. वारंटी सिर्फ इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट पर होती है।

सच्चाई: वारंटी कई प्रोडक्ट्स पर हो सकती है जैसे गाड़ी जूते घरेलू उपकरण आदि।

मिथक 3. गारंटी हमेशा की रिपेयर देती है।

सच्चाई: गारंटी में कभी-कभी शर्ते होती है।

Guarantee aur Warranty ke Tips

प्रोडक्ट खरीदते समय गारंटी और वारंटी दोनों की जानकारी माग।

वारटी पीरियड के दौरान प्रोडक्ट की सही देखभाल करें।

वारंटी कार्ड और बिल सुरक्षित रखें। गारंटी और वारंटी की शर्तों का पालन करें।

निष्कर्ष

आज आपने सीखा कि Guarantee or Warranty me kya antar hai? सरल भाषा में

Guarantee = निर्माता का भरोसा आमतौर पर व्यापक और सामान्य

Warranty = लिखित दस्तावेज विशिष्ट शतों और समय के साथ

उपभोक्ता के नजरिए से दोनों महत्वपूर्ण है क्योंकि ये आपके प्रोडक्ट की सुरक्षा और गुणवत्ता सुनिश्चित करते हैं। कोई भी प्रोडक्ट खरीदने से पहले इनकी शर्तों को समझना बेहद जरूरी है।

इस तरह गारंटी और वारंटी दोनों आपके पैसे और समय की सुरक्षा करते हैं और आपको सही प्रोडक्ट अनुभव का भरोसा देते हैं।

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